
Health benefits of marua: मरुआ एक महत्वपूर्ण आयुर्वेदिक जड़ी-बूटी है, जो पाचन तंत्र, सर्दी-जुकाम, सिरदर्द और मुंह की दुर्गंध में लाभकारी है. इसमें पोटैशियम, विटामिन सी, कैल्शियम आदि पोषक तत्व होते हैं. इसका नियमित सेवन पाचन तंत्र को बेहतर बनाता है और पेट की समस्याओं को कम करता है.
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- मरुआ के पत्ते पाचन तंत्र के लिए लाभकारी हैं.
- सर्दी-जुकाम और सिरदर्द में मरुआ के पत्ते फायदेमंद हैं.
- मरुआ के पत्तों में पोटैशियम, विटामिन सी, कैल्शियम होते हैं.
Health benefits of marua: आयुर्वेद ने मरुआ को बेहद फायदेमंद जड़ी-बूटी बताया है. ये जड़ी-बूटी कई तरह की शारीरिक समस्याओं को दूर कर सकती है. मरुआ के पत्ते भी सेहत को कई लाभ पहुंचाते हैं. मरुआ का पौधा बहुत ही सुगंधित होता है. इसकी पत्तियां पाचन तंत्र, सर्दी-जुकाम, सिरदर्द और मुंह की दुर्गंध जैसी समस्याओं को दूर करने में मदद करती हैं. चलिए जानते हैं मरुआ के पत्तों के अन्य फायदों के बारे में…
मरुआ के पत्तों के फायदे (Marua ke patte ke fayde)
-शोध के अनुसार, मरुआ के पत्तों में पोटैशियम, कार्बोहाइड्रेट, डाइटरी फाइबर, प्रोटीन, विटामिन सी, कैल्शियम, आयरन, विटामिन बी6 और मैग्नीशियम जैसे पोषक तत्व होते हैं, जो शरीर के लिए अत्यधिक फायदेमंद होते हैं.
-बच्चों को पेट में कीड़े हो जाएं तो इस समस्या से अक्सर पेट दर्द और उल्टी होती है. मरुआ के पत्तों का रस इस समस्या को दूर करने में मदद करता है. बताया जाता है कि बच्चों को मरुआ के पत्तों का रस 4-6 बूंद सुबह खाली पेट देने से कीड़े की समस्या ठीक हो जाती है.
-इसकी पत्तियां अपच की समस्या को दूर करने में भी सहायक होती हैं. मरुआ की चटनी से न केवल अपच की समस्या दूर होती है, बल्कि यह भूख बढ़ाने में भी मदद करती है. मरुआ का नियमित सेवन पाचन तंत्र को बेहतर बना रहता है. पेट संबंधित समस्याओं को दूर करता है.
-सर्दी-जुकाम, खांसी होने पर मरुआ की पत्तियों के सेवन से आराम मिलता है. विशेषज्ञों का मानना है कि मरुआ को मुलेठी के साथ खाने से सर्दी-खांसी में राहत मिलती है. इसका नियमित रूप से सेवन करने से श्वसन तंत्र को भी फायदा होता है.
– सिरदर्द और माइग्रेन होने पर भी आप मरुआ के पत्तों का रस ले सकते हैं, यह प्रभावी होता है. सिरदर्द से छुटकारा पाने के लिए मरुआ के रस का सेवन कर सकते हैं. यह सिरदर्द के लिए रामबाण की तरह काम करता है. इसके अलावा, मरुआ के पत्तों का लेप भी माथे पर लगाया जा सकता है, जो सिरदर्द और माइग्रेन में आराम देने का एक प्राकृतिक उपाय है.
-मरुआ के पत्ते मसूड़ों की समस्याओं और मुंह की बदबू को दूर करने में भी कारगर करते हैं. इसके लिए मरुआ की पत्तियों को चबाने की सलाह दी जाती है. इससे मुंह की दुर्गंध दूर हो सकती है. मसूड़ों की सूजन को कम करता है. गले में खराश होने पर मरुआ के पत्तों को पानी में उबालकर गरारे करने से आराम मिलता है.
– हालांकि, इसके अधिक सेवन से आपको कुछ नुकसान भी हो सकते हैं, इसलिए सीमित मात्रा और एक्सपर्ट की सलाह पर ही इसका सेवन करें.
इनपुट-आईएएनएस